लखनऊ .... मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को असम के चुनावी रण में उतरे। एनडीए उम्मीदवार दीपक कुमार दास के पक्ष में बारपेटा में जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कांग्रेस व यूडीएफ पर जमकर निशाना साधा। सीएम योगी ने कहा कि कांग्रेस चुनाव के पहले ही मैदान छोड़कर भाग गई, जबकि यूडीएफ को भी बंगाल की खाड़ी में फेंकने का समय आ गया है।
उन्होंने असमवासियों से एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनाने का आह्वान किया और कहा कि घुसपैठियों को बाहर करना है और असम की डेमोग्राफी को बदलने नहीं देना है। एनडीए का संकल्प है कि असम को लव जेहाद-लैंड जेहाद की धरती नहीं बनने देंगे। यहां घुसपैठ नहीं होने देंगे। कांग्रेस व यूडीएफ की घुसपैठियों के जरिये डेमोग्राफी बदलने की साजिश सफल नहीं होने देंगे। एक-एक घुसपैठी को चिह्नित कर यहां से बाहर करने की भी व्यवस्था हो रही है। सीएम योगी ने कहा कि डबल इंजन सरकार ने तय किया है कि असम को घुसपैठ का अड्डा नहीं बनने देंगे और दंगाइयों को निकाल बाहर करेंगे। कांग्रेस व यूडीएफ को जब भी अवसर मिला, इन्होंने भारत व भारतीयता को अपमानित किया। यूडीएफ असम में घुसपैठ की जननी है। घुसपैठियों के बल पर असम की सत्ता पर कब्जा करना चाहती है। कांग्रेस उनकी सहयोगी बनकर असम की संस्कृति से खिलवाड़ कर रही है। वहीं एनडीए सरकार असम की सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण करते हुए हर घुसपैठिए को बाहर कर डेमोग्राफी को चेंज करने की साजिश को विफल कर रही है। सीएम ने असमवासियों को रंगोली बिहू उत्सव की शुभकामना दी। उन्होंने असम को भारत के गौरव की धरा बताया और कहा कि हर भारतवासी यहां मां कामाख्या के दर्शन करने आता है। यहां की आध्यात्मिक, सांस्कृतिक व समृद्ध परंपरा ने ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के निर्माण में महती भूमिका का निर्वहन किया है। वैष्णव परंपरा में श्रीमंत शंकर देव व माधव देव की पावन धरा ने नई ऊंचाई के साथ इसे एकता, भक्ति व मानवता के संदेश की भूमि के रूप में परिवर्तित किया है।