नयी दिल्ली... दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंदर गुप्ता ने भारतीय संसद के 100 गौरवशाली वर्षों के उपलक्ष्य में विधानसभा परिसर में आयोजित प्रदर्शनी देखने का लोगों से आग्रह करते हुए बुधवार को कहा कि यह केवल हमारी लोकतांत्रिक विरासत को नमन नहीं है, बल्कि भारत के भविष्य के निर्माण के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है।
श्री गुप्ता ने कहा कि भारतीय संसद के 100 गौरवशाली वर्षों के उपलक्ष्य में दिल्ली विधानसभा परिसर में आयोजित विशेष प्रदर्शनी “वीर विठ्ठलभाई की गौरव गाथा” को जनता के लिए खोल दिया गया है। उद्घाटन के कुछ ही दिनों में यह प्रदर्शनी छात्रों, परिवारों, विद्वानों और नागरिकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन गई है । उन्होंने सभी विधायकों से आग्राह किया है कि वे अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में इस प्रदर्शनी का प्रचार करें ताकि अधिकतम नागरिक, विशेष रूप से स्कूल और कॉलेज के छात्र-छात्राएँ, इसका लाभ उठा सकें और भारत की संसदीय विरासत को गहराई से समझ सकें।
उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शनी केवल इतिहास दिखाती ही नहीं, बल्कि उसे अनुभव कराने का अवसर भी देती है। अत्याधुनिक वर्चुअल रियलिटी (वीआर ) ज़ोन, स्वतंत्रता सेनानियों की जीवंत प्रतिमाएँ, दुर्लभ दस्तावेज़, और भारत की लोकतांत्रिक यात्रा पर आधारित विशेष डॉक्यूमेंट्री, सभी आयु वर्ग के दर्शकों के लिए सीखने और जानने का अद्भुत अनुभव प्रस्तुत कर रहे हैं।
श्री गुप्ता ने कहा , “जनता में, विशेषकर छात्रों और युवाओं में, जो उत्साह और उमंग हमने कुछ ही दिनों में देखा है, वह वास्तव में हृदयस्पर्शी है। मैं प्रत्येक नागरिक से आग्रह करता हूँ कि वे इस ऐतिहासिक प्रदर्शनी को अवश्य देखें और अनुभव करें। यह केवल हमारी लोकतांत्रिक विरासत को नमन नहीं है, बल्कि भारत के भविष्य के निर्माण के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है।” उन्होंने कहा कि लोग इस प्रदर्शनी से केवल तस्वीरें ही नहीं, बल्कि भारत के लोकतंत्र की जड़ों से जुड़ने का नवीन गर्व, ज्ञान और प्रेरणा भी अपने साथ लेकर लौट रहे हैं। अनेक आगंतुकों ने सराहना की है कि इस प्रदर्शनी ने तकनीक और इतिहास को जोड़कर इसे शिक्षाप्रद और रोचक बना दिया है।