नई दिल्ली .... हूती विद्रोहियों ने दावा किया है कि उन्होंने शनिवार को सऊदी अरब के जजान स्थित सऊदी अरामको रिफाइनरी पर 3 बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है। जजान रिफाइनरी को सऊदी अरब की पांचवीं सबसे बड़ी तेल रिफाइनरी माना जाता है। इसकी क्षमता प्रतिदिन करीब 4 लाख बैरल कच्चे तेल को प्रोसेस करने की है। यह लाल सागर के किनारे स्थित होने के कारण सऊदी अरब के ऊर्जा और तेल निर्यात नेटवर्क का अहम हिस्सा है। यह हमला ऐसे समय हुआ है जब सऊदी अरब ने हाल ही में यमन में हूती ठिकानों पर हवाई हमले किए थे। इसके जवाब में हूतियों ने सऊदी के एनर्जी एन्फ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाने का दावा किया है। हमले के बाद सोशल मीडिया पर रिफाइनरी से आग और धुएं के वीडियो सामने आए हैं। हालांकि, अभी तक सऊदी सरकार या अरामको ने रिफाइनरी पर सीधे मिसाइल लगने या किसी बड़े नुकसान की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। वहीं इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू सोमवार को अमेरिका रवाना होंगे। वह राष्ट्रपति ट्रम्प से मुलाकात करेंगे। दोनों नेताओं की यह मुलाकात ईरान जंग शुरू होने के बाद पहली बार होगी।
कच्चा तेल 100 डॉलर प्रति बैरल के पार : ईरान-अमेरिका में लगातार बढ़ते तनाव के बीच कच्चे तेल की कीमतों में फिर तेज उछाल आया है। ब्रेंट क्रूड का भाव मई के बाद पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर गया है। ईरान ने शुक्रवार को कुवैत में मौजूद अमेरिका के तीन सैन्य ठिकानों पर ड्रोन हमला किया है। इसमें कैंप अरिफजान, कैंप दोहा और कैंप अदैरी को निशाना बनाया गया।