नई दिल्ली .... अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने मंगलवार को फ्रांस में छात्रों के बड़े पैमाने पर हो रहे विरोध-प्रदर्शनों के लिए बड़े पैमाने पर प्रवासन और इस्लाम को जिम्मेदार ठहराया। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा, ‘फ्रांस में जो हो रहा है, वह बेकाबू बड़े पैमाने पर हो रहे पलायन से कम नहीं है। यह स्कूलों के बारे में नहीं है, बल्कि यह इस्लाम के उस देश पर कब्जा करने की कोशिश के बारे में है जो कभी महान हुआ करता था! ‘ बेहतर हालात की मांग को लेकर सितंबर के आखिर से ही फ्रांस के छात्र देश भर में सैकड़ों हाई स्कूलों के गेट बंद कर रहे हैं। पूरे फ्रांस में ढाई लाख प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे। लेकिन ट्रंप और उनके प्रशासन ने लंबे समय से यूरोप की सामाजिक समस्याओं के लिए माइग्रेशन को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने यूरोप से अपनी सीमाएं बंद करने को कहा है और दक्षिणपंथी पार्टियों की तरह सभ्यता के पतन की चेतावनी दी है। ट्रंप के मेक अमेरिका ग्रेट अगेन आंदोलन के प्रमुख नेता, अगले महीने होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों से पहले फ्रांस में हो रहे इन विरोध प्रदर्शनों का इस्तेमाल माइग्रेशन से जुड़े अपने मुद्दों को मजबूती से रखने के लिए कर रहे हैं।